अगर आप बांसुरी बजाते है तो बांसुरी का स्केल होगा :- F
राधे कृष्ण की ज्योति अलौकिक
सा–रे–सा–ऩि(k)–ध़–ऩि(k)–सा–सा–रे–ग–म–म–
तीनों लोक में छाये रही हैं
ग–म–ग–रे–ग(k)–रे–सा–रे–सा–सा–सा—
भक्ति विवश एक प्रेम पुजारन
सा–रे–सा–ऩि(k)–ध़–ऩि(k)–सा–सा–रे–ग–म–म–
फिर भी दीप जलाये रही हैं
ग–म–ग–रे–ग(k)–रे–सा–म–रे–सा–सा–सा—
कृष्ण को गोकुल से राधे को
प–प–प–प–ध–नि(k)–ध–प—प–प—
कृष्ण को गोकुल से राधे को
प–प–प–प–ध–नि(k)–ध–प—प–प—
बरसाने से बुलाये रही हैं
प-ध-प-ध–प–म–ग–रे–सा–रे–सा–रे–म—
दोनों करो स्वीकार कृपा कर
सा–रे–सा–ऩि(k)–ध़–ऩि(k)–सा–सा–रे–ग–म–म–
जोगन आरती गाये रही हैं
ग–म–ग–रे–ग(k)–रे–सा–रे–सा–सा–सा—
दोनों करो स्वीकार कृपा कर
सा–रे–सा–ऩि(k)–ध़–ऩि(k)–सा–सा–रे–ग–म–म–
जोगन आरती गाये रही हैं
ग–म–ग–रे–ग(k)–रे–सा–रे–सा–सा–सा—