अगर आप बांसुरी बजाते है तो बांसुरी का स्केल होगा :- C#
मत कर माया को अहंकार मत कर
प़—प़—प़–ध़—ऩि—ऩि–रे–सा—ऩि–ध़–ऩि–ध़–
काया को अभिमान काया
प़–ध़—ऩि—ऩि–रे–सा—ऩि–ध़—ऩि–
गार से काँची
सा—ऩि–ध़—प़—प़—
मत कर माया को अहंकार मत कर
प़—प़—प़–ध़—ऩि—ऩि–रे–सा—ऩि–ध़–ऩि–ध़–
काया को अभिमान काया
प़–ध़—ऩि—ऩि–रे–सा—ऩि–ध़—ऩि–
गार से काँची
सा—ऩि–ध़—प़—प़—
हो काया गार से काँची
रे-रे—रे—रे—ग–म—ग—रे–
जैसे ओस रा मोती
रे-रे—रे—म—ग–रे—सा–ऩि–ध़–
झोंका पवन का लग जाए झपका
प़—प़—प़–ध़—ऩि—ऩि–रे–सा—ऩि–ध़–ऩि–ध़–
पवन का लग जाए काया
प़–ध़—ऩि—ऩि–रे–सा—ऩि–ध़—ऩि–
धूल हो जासी
सा—ऩि–ध़—प़—प़—
काया तेरी धूल हो जासी
प़–ध़–ऩि–ऩि–सा—ऩि–ध़—प़—प़—
ऐसा सख्त था महाराज जिनका
प़—प़—प़–ध़—ऩि—ऩि–रे–सा—ऩि–ध़–ऩि–ध़–
मुल्कों में राज जिन घर
प़–ध़—ऩि—ऩि–रे–सा—ऩि–ध़—ऩि–
झूलता हाथी
सा—ऩि–ध़—प़—प़—
जिन घर झूलता हाथी
प़–ध़–ऩि–ऩि–सा—ऩि–ध़—प़—प़—
हो जिन घर झूलता हाथी
रे-रे—रे—रे—ग–म—ग—रे–
उन घर दिया ना बाती
रे-रे—रे—म–ग—रे—सा–ऩि–ध़–
झोंका पवन का लग जाए झपका
प़—प़—प़–ध़—ऩि—ऩि–रे–सा—ऩि–ध़–ऩि–ध़–
पवन का लग जाए काया
प़–ध़—ऩि—ऩि–रे–सा—ऩि–ध़—ऩि–
धूल हो जासी
सा—ऩि–ध़—प़—प़—
काया तेरी धूल हो जासी
प़–ध़–ऩि–ऩि–सा—ऩि–ध़—प़—प़—